क्रिप्टो जगत के प्रमुख विचारक और ब्लॉकचैन प्लेटफॉर्म ईथेरियम के सह-संस्थापक विटालिक ब्यूटेरिन ने 2026 को विकेंद्रीकृत सामाजिक मीडिया का वर्ष बनाने का ऐलान किया है। ब्यूटेरिन के अनुसार, वर्तमान समय के केंद्रीकृत प्लेटफॉर्म उपयोगकर्ताओं के हित में काम नहीं कर रहे हैं और संवाद के मूल उद्देश्य को बिगाड़ रहे हैं, इसलिए ब्लॉकचैन पर आधारित मुक्त और साझा डाटा लेयर पर काम करना आवश्यक है।
ब्यूटेरिन ने सोशल नेटवर्किंग को एक नया आयाम देने की बात करते हुए कहा कि विकेंद्रीकृत प्लेटफॉर्मों में डेटा नियंत्रण उपयोगकर्ताओं के पास रहता है, जिससे वे अपनी पहचान और सामग्री पर पूर्ण अधिकार बनाए रख सकते हैं। इसके लिए उन्होंने फायरफ्लाई जैसे बहु-ग्राहक इंटरफ़ेस का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया है, जो एक्स, लेंस, फ़ार्कास्टर और ब्लूस्काई जैसे नेटवर्क को एक ही मंच पर जोड़ता है।
उन्होंने ट्विटर पर भी स्पष्ट किया है कि इस साल उनके सभी पढ़े और लिखे गए पोस्ट इसी तरह के विकेंद्रीकृत प्रणाली के जरिये किए गए हैं। उनका मानना है कि यदि समाज को बेहतर बनाना है तो संचार के साधन ऐसे होने चाहिए जो श्रेष्ठ जानकारी और तर्कों को सामने लायें और उपयोगकर्ताओं को समझौते के बिंदु तक पहुँचने में मदद करें।
विकेंद्रीकृत बनाम केंद्रीकृत मॉडल
विटालिक ने यह भी आलोचना की कि बहुत से क्रिप्टो-आधारित सोशल प्रोजेक्ट बिना वास्तविक नवाचार के सिर्फ सट्टा आधारित टोकन को प्रोत्साहित करते हैं, जिनसे लोकप्रियता और अल्पकालिक मुनाफ़ा मिलता है लेकिन गुणवत्ता या सार्थक चर्चाओं को बढ़ावा नहीं मिलता। इसलिए वह सामग्री की गुणवत्ता को बढ़ावा देने वाले मॉडल को अधिक उपयुक्त मानते हैं।
उनका यह कदम उस व्यापक तकनीकी बदलाव का हिस्सा है जिसमें डीसेंट्रलाइजेशन, उपयोगकर्ता गोपनीयता और प्रतिस्पर्धी अवसरों को महत्व दिया जा रहा है, ताकि कोई एक संस्था या कंपनी संचार और डाटा पर एकाधिकार न कर सके।
नीतिगत बदलाव और प्लेटफॉर्म के बदलाव
इस दिशा में लेंस प्रोटोकॉल की नेतृत्व संरचना में भी परिवर्तन आया है, जहां आवे टीम से नेतृत्व मास्क नेटवर्क को सौंपा गया है जिसे ब्यूटेरिन ने तकनीकी दक्षता और गोपनीयता-प्रथम दृष्टिकोण के लिए सराहा है। इसी तरह फ़ारकास्टर भी नेनार द्वारा अधिग्रहित किया गया है, जिससे सोशल नेटवर्किंग के इन्फ्रास्ट्रक्चर को अधिक स्थिर और उपयोगकर्ता-केंद्रित बनाया जा सके।
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विश्लेषकों के अनुसार, यह बदलाव सिर्फ तकनीकी नहीं है बल्कि एक सिद्धांतगत परिवर्तन है जो ऑनलाइन संवाद को केंद्रीकृत नियंत्रण से मुक्त कर सकता है और उपयोगकर्ताओं को अपने सोशल ग्राफ तथा पहचान का नियंत्रण वापस दे सकता है।
भविष्य की दिशा
विटालिक की इस पहल का उद्देश्य केवल तकनीकी बदलाव नहीं है बल्कि एक ऐसे डिजिटल समाज का निर्माण है जहाँ विचार, सूचना और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता सर्वोपरि होगी। उनका मानना है कि विकेंद्रीकृत सामाजिक मीडिया से उपयोगकर्ता असली संवाद, बेहतर मूल्यांकन और सामूहिक समझौते के लिये अधिक सक्षम होंगे।
निष्कर्ष
विटालिक ब्यूटेरिन के 2026 के विकेंद्रीकृत सामाजिक मीडिया पर पुनः फोकस ने डिजिटल संवाद के भविष्य की दिशा को फिर से परिभाषित किया है। यह पहल इन्टरनेट समुदाय के लिए एक स्वतंत्र, प्रतिस्पर्धी और उपयोगकर्ता केंद्रित सोशल इकोसिस्टम की नींव रखने का प्रयास है, जो पारंपरिक केंद्रीकृत प्लेटफॉर्मों की सीमाओं से परे जाकर एक स्वस्थ और समावेशी संवाद मंच प्रदान कर सके।
अगर यह आंदोलन सफल होता है, तो आने वाले वर्षों में ऑनलाइन सामाजिक संवाद का स्वरूप पूरी तरह बदल सकता है और उपयोगकर्ताओं के लिये एक नई आजादी की शुरुआत हो सकती है।
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