थाईलैंड ने डिजिटल परिसंपत्तियों को डेरिवेटिव्स और पूंजी बाजारों में आधारभूत संपत्तियों के रूप में मान्यता देकर वित्तीय क्षेत्र में एक ऐतिहासिक निर्णय लिया है। इस महत्वपूर्ण फैसले के तहत अब बिटकॉइन जैसी क्रिप्टोकरेंसी को विनियमित भविष्य और विकल्प अनुबंधों के लिए आधारभूत वैरिएबल माना जाएगा, जिससे डिजिटल संपत्ति को केवल सट्टा उपकरण के रूप में नहीं बल्कि एक वैध निवेश वर्ग के रूप में स्थापित किया जाएगा।
थाईलैंड की सेक्योरिटीज और एक्सचेंज कमीशन (SEC) डेरिवेटिव्स एक्ट बी.ई. 2546 (2003) में संशोधन करेगी ताकि डिजिटल संपत्तियों, जिनमें क्रिप्टोकरेंसी और कार्बन क्रेडिट शामिल हैं, को आधिकारिक तौर पर डेरिवेटिव्स अनुबंधों के अन्तर्गत उपयोग किया जा सके। इससे नियामक नियंत्रण और निवेशकों की सुरक्षा और बढ़ेगी।
फैसले का उद्देश्य
सरकार के इस फैसले का उद्देश्य केवल नियमों में बदलाव करना नहीं है, बल्कि थाईलैंड को एक उच्च स्तरीय, संस्थागत क्रिप्टो ट्रेडिंग केंद्र के रूप में स्थापित करना भी है। थाईलैंड फ्यूचर्स एक्सचेंज के साथ मिलकर नियामक अधिक सख्त निगरानी, स्पष्ट अनुबंध निर्देश और परिसंपत्ति रख-रखाव मानकों को लागू करेगा ताकि निवेशकों को बेहतर सुरक्षा और विश्वास मिले।
आधिकारिक वित्तीय मान्यता प्राप्त दर्जा
थाईलैंड में अब डिजिटल संपत्ति को डेरिवेटिव्स कानून के अंतर्गत वैध आधारभूत संपत्ति के रूप में स्वीकार किया जाएगा। इससे बिटकॉइन जैसे प्रमुख क्रिप्टो को भी परंपरागत वित्तीय अनुबंधों का हिस्सा बनने का अधिकार मिल गया है। यह कदम डिजिटल संपत्ति को परंपरागत वित्तीय ढांचे में शामिल करने की दिशा में एक रेट्रोस्पेक्टिव सोच से आगे बढ़कर प्रगतिशील वित्तीय नीति का प्रतीक है।
थाईलैंड में क्रिप्टो विनियमन को लेकर पहले भी कई सकारात्मक कदम उठाए गए हैं। उदाहरण के लिए, देश ने पहले से ही कुछ स्थितियों में क्रिप्टो लाभ पर पूंजीगत लाभ कर को अस्थायी रूप से समाप्त कर रखा है, जिससे निवेशकों को प्रोत्साहन मिला है। हालांकि, यह उपाय डेरिवेटिव्स बाजार में लागू नियमों की तुलना में भिन्न है लेकिन इसी व्यापक प्रयास का एक हिस्सा है जो देश को डिजिटल वित्त में अग्रणी बनाता है।
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इसके साथ ही नियामक ने यह स्पष्ट किया है कि क्रिप्टोकरेंसी का उपयोग सामान्य भुगतानों के लिए अभी भी प्रतिबंधित रहेगा, जिससे देश के वित्तीय स्थिरता और धनशोधन जैसे जोखिमों पर नियंत्रण कायम रहता है।
निवेशकों और बाजार प्रतिभागियों पर प्रभाव
इस निर्णय के बाद, देश के संस्थानिक निवेशकों और धन प्रबंधकों को क्रिप्टो से जुड़े उत्पादों में भागीदारी के लिए अधिक अवसर मिलेंगे। उल्लेखनीय है कि थाईलैंड की योजनाओं में क्रिप्टो एक्सचेंज-ट्रेडेड फंड्स (ETF) को भी नियमबद्ध ढांचे के अन्तर्गत लाने का प्रस्ताव शामिल है, जो भविष्य में और अधिक प्रतिभूतियों को बाजार में प्रवेश देगा।
स्थानीय डिजिटल परिसंपत्ति एक्सचेंज और दलाल अब विनियमित क्रिप्टो डेरिवेटिव्स उत्पादों को पेश करने की तैयारी में हैं। यह निवेशकों को जोखिम प्रबंधन उपकरण और विशेषीकृत वित्तीय अनुबंधों तक पहुंच प्रदान करेगा जो पहले केवल पारंपरिक बाजार में उपलब्ध थे।
निष्कर्ष
थाईलैंड सरकार द्वारा क्रिप्टोकरेंसी और डिजिटल संपत्तियों को डेरिवेटिव्स बाजार में मान्यता देना एक निर्णायक और दूरदर्शी कदम माना जा रहा है। इससे न केवल थाईलैंड की वित्तीय प्रणाली और पूंजी बाजार को वैश्विक मानकों के अनुरूप ढाला जा सकेगा, बल्कि यह डिजिटल संपत्ति निवेश के क्षेत्र में नए संस्थानिक और खुदरा अवसरों का सृजन भी करेगा। साथ ही, यह कदम दक्षिण-पूर्व एशिया में डिजिटल वित्त की दिशा में प्रतिस्पर्धी बढ़त की ओर एक स्पष्ट संकेत भी देता है।
इस प्रगतिशील नीति परिवर्तन से यह स्पष्ट होता है कि थाईलैंड क्रिप्टो को केवल एक सट्टा माध्यम के रूप में नहीं, बल्कि एक मजबूत और नियंत्रित निवेश वर्ग के रूप में मानता है, जो भविष्य के वित्तीय बाजारों का एक अहम हिस्सा बन सकता है।
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